ब्लड में कोलेस्ट्रॉल बहुत कम होने पर नजर आ सकते हैं यह लक्षण

ब्लड में कोलेस्ट्रॉल बहुत कम होने पर नजर आ सकते हैं यह लक्षण

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कितना कोलेस्ट्रॉल माना जाता है कम

कितना
कोलेस्ट्रॉल
माना
जाता
है
कम

कोलेस्ट्रॉल
आपके
रक्त
में
वसा
जैसा
पदार्थ
है।
सही
मात्रा
में
यह
आपको
स्वस्थ
रखने
में
मदद
करता
है।
आपके
रक्तप्रवाह
में
इसके
दो
प्रकार
हैं।

लो
डेंसिटी
लिपोप्रोटीन
या
एलडीएल-
इसे
बैड
कोलेस्ट्रॉल
माना
जाता
है
जो
समय
के
साथ
आपकी
धमनियों
की
दीवारों
में
जमा
हो
सकता
है।
आपके
शरीर
में
अधिकांश
कोलेस्ट्रॉल
इसी
प्रकार
से
बना
होता
है।

हाई
डेंसिटी
लिपोप्रोटीन
या
एचडीएल-
इसे
अच्छा
कोलेस्ट्रॉल
माना
जाता
है,
यह
आपके
रक्तप्रवाह
से
बैड
कोलेस्ट्रॉल
को
हटाने
में
मदद
करता
है।

एक
ब्लड
टेस्ट
के
जरिए
आप
इसका
पता
लगा
सकते
हैं।
आपका
आदर्श
कुल
कोलेस्ट्रॉल
स्तर
लगभग
150
होना
चाहिए।
आपका
एलडीएल
स्तर
लगभग
100
मिलीग्राम
/
डीएल
होना
चाहिए।
वहीं,
120
मिलीग्राम/डीएल
से
कम
कुल
कोलेस्ट्रॉल
या
50
मिलीग्राम/डीएल
से
कम
एलडीएल
स्तर
बहुत
कम
है।

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कम कोलेस्ट्रॉल का क्या कारण है?

कम
कोलेस्ट्रॉल
का
क्या
कारण
है?

रक्त
में
कोलेस्ट्रॉल
बहुत
हाने
के
पीछे
कई
कारण
जिम्मेदार
हो
सकते
हैं।
जैसे-


कुपोषण
(पर्याप्त
भोजन
नहीं
करना,
या
पर्याप्त
स्वस्थ
भोजन
नहीं
खाना)


शरीर
द्वारा
पर्याप्त
वसा
अवशोषित
ना
कर
पाना


एनीमिया


थायराइड
की
समस्या


लिवर
की
बीमारी


गंभीर
बीमारी
या
चोट


कैंसर

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कम कोलेस्ट्रॉल के जोखिम

कम
कोलेस्ट्रॉल
के
जोखिम

अधिकांश
समय,
बहुत
कम
कोलेस्ट्रॉल
समस्या
का
कारण
नहीं
बनता
है।
लेकिन
कुछ
चिंता
है
कि
दुर्लभ
मामलों
में,
हाइपोलिपिडिमिया
चिंता,
डिप्रेशन,
ब्रेन
ब्लीडिंग
या
कैंसर
के
जोखिम
को
बढ़ा
सकता
है।

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कम कोलेस्ट्रॉल के संकेत

कम
कोलेस्ट्रॉल
के
संकेत

जब
रक्त
में
कोलेस्ट्रॉल
का
स्तर
काफी
कम
होता
है,
तो
इससे
आपको
कई
संकेत
नजर

सकते
हैं।
मसलन-


कम
कोलेस्ट्रॉल
से
अवसाद
हो
सकता
है।
अच्छे
मानसिक
स्वास्थ्य
को
बनाए
रखने
के
लिए
कोलेस्ट्रॉल
आवश्यक
है।
रक्त
में
कोलेस्ट्रॉल
का
निम्न
स्तर
प्रमुख
अवसादग्रस्तता
विकार
के
विकास
के
जोखिम
से
जुड़ा
हुआ
है।
इसलिए,
कम
कोलेस्ट्रॉल
होने
पर
व्यक्ति
में
अवसाद
के
लक्षण
नजर

सकते
हैं।


जब
रक्त
में
कोलेस्ट्रॉल
बहुत
कम
होता
है,
तो
इससे
अवसाद
के
अलावा
एंग्जाइटी
के
लक्षण
भी
नजर

सकते
हैं।


कम
कोलेस्ट्रॉल
का
स्तर
प्री-मेच्योर
की
संभावना
को
भी
बढ़ा
सकता
है।
2015
के
एक
अध्ययन
के
अनुसार,
कम
कोलेस्ट्रॉल
का
स्तर
समय
से
पहले
जन्म
का
कारण
बन
सकता
है।
इसलिए,
गर्भवती
महिलाओं
को
अपने
आहार
से
लेकर
व्यायाम
आदि
पर
ध्यान
देना
चाहिए।


बहुत
कम
कोलेस्ट्रॉल
को
स्ट्रोक
के
बढ़ते
जोखिम
से
भी
जोड़ा
जा
सकता
है।
एक
अध्ययन
के
अनुसार,
महिलाओं
में
बहुत
निम्न
स्तर
के
कुछ
जोखिम
भी
हो
सकते
हैं।
पुरुषों
की
तुलना
में
महिलाओं
में
पहले
से
ही
स्ट्रोक
का
अधिक
जोखिम
होता
है।

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–>

कम कोलेस्ट्रॉल का इलाज कैसे करें

कम
कोलेस्ट्रॉल
का
इलाज
कैसे
करें


यदि
आपका
कोलेस्ट्रॉल
बहुत
कम
है,
तो
आपको
इसके
लिए
आवश्यक
टेस्ट
करवाने
होंगे।
कुछ
मामलों
में,
उस
समस्या
का
इलाज
करने
से
आपके
कोलेस्ट्रॉल
की
संख्या
सामान्य
स्तर
पर
वापस

सकती
है।


इसके
अलावा,
ए,
डी,
ई,
और
के
जैसे
विटामिन
लेने
से
भी
मदद
मिल
सकती
है।
हालांकि,
किसी
भी
सप्लीमेंट
को
लेने
से
पहले
एक
बार
अपने
डॉक्टर
से
इस
बारे
में
बात
करें।


आपके
कम
कोलेस्ट्रॉल
के
कारण
के
आधार
पर,
आपका
डॉक्टर
यह
भी
तय
कर
सकता
है
कि
आपको
किसी
उपचार
की
है
या
नहीं।

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