मुंबई मेयर किशोरी पेडनेकर की इस ट्वीट पर मचा बवाल, अब देनी पड़ रही सफाई

मुंबई: मुंबई की महापौर किशोरी पेडनेकर (Kishori Pednekar) ने गुरुवार को कहा कि आपत्तिजनक भाषा के इस्तेमाल को लेकर विवाद पैदा करने वाले उनके टि्वटर हैंडल से किया गया ट्वीट शिवसेना के एक कार्यकर्ता ने ‘गुस्से में आकर’ पोस्ट किया था. हालांकि भाजपा ने पेडनेकर को इस ट्वीट के लिए माफी मांगने को कहा है.

पेडनेकर ने दी सफाई

शिवसेना नेता पेडनेकर ने कहा कि जब वह बुधवार को बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स में एक कार्यक्रम में भाग ले रही थीं तो उनका मोबाइल फोन पार्टी के एक कार्यकर्ता के पास था जिसने ट्वीट कर दिया. महापौर ने कहा कि जब उन्होंने वापस फोन लिया तो तुरंत ट्वीट डिलीट कर दिया.

ये भी पढ़ें- भारत में सबसे भद्दी भाषा कौन सी? Google का जवाब सुन मचा हंगामा

क्या है पूरा मामला

दरअसल, बुधवार को उस समय विवाद पैदा हो गया था जब एक टि्वटर यूजर ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) के कोरोना वैक्सीन की आपूर्ति के वैश्विक अनुबंध की स्थिति के बारे में महापौर से सवाल पूछा.

इस ट्वीट पर मचा बवाल

टि्वटर यूजर ने पूछा कि ‘कॉन्ट्रैक्ट किन्हें दिया गया?’, तो इसपर पेडनेकर ने जवाब दिया, ‘तुम्हारे बाप को.’ पेडनेकर ने बाद में आपत्तिजनक ट्वीट डिलीट कर दिया लेकिन तब तक वह सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.

उन्होंने गुरुवार को कहा कि शिवसेना कार्यकर्ता ने ‘गुस्से में आकर’ ट्वीट कर दिया लेकिन उन्होंने अपना फोन वापस मिलने के फौरन बाद इसे डिलीट कर दिया. कार्यकर्ता को ऐसी हरकत करने के खिलाफ आगाह भी किया. पेडनेकर ने कहा, ‘मैंने इससे सीख ली है कि मोबाइल फोन किसी को भी नहीं देना चाहिए चाहे वह आपके बहुत करीबी क्यों न हों.’

ये भी पढ़ें- शिकार के लिए शेरों ने बनाई टीम, उसके बाद भैंस के साथ हुई जंग

पेडनेकर को विपक्ष ने घेरा

इस ट्वीट के वायरल होने के बाद विपक्षी दलों ने महापौर की आलोचना की. भाजपा नेता किरीट सोमैया ने गुरुवार को इस ट्वीट को लेकर पेडनेकर को माफी मांगने को कहा है. उन्होंने कहा, ‘मैं बृह्नमुंबई महानगरपालिका, शिवसेना और मुंबई की महापौर से यह स्पष्ट करने का आग्रह करता हूं कि क्या यह वास्तव में महापौर की प्रतिक्रिया थी.’

विपक्ष ने कहा- माफी मांगें मेयर

पूर्व सांसद ने कहा कि महापौर को इस संबंध में माफी मांगनी चाहिए. साउथ मुंबई के लोअर परेल की तीन बार की पार्षद 2019 में शहर की 77वीं महापौर निर्वाचित हुईं. वह शिवसेना की प्रवक्ताओं में से भी एक हैं. महामारी के बीच नागरिकों ने इस बात के लिए महापौर की तारीफ की है कि वह बिना अपनी जान की परवाह किए अस्पतालों और देखभाल केंद्रों का दौरा करती रहीं हैं.

Share
Facebook Twitter Pinterest Linkedin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *