लंपी वायरस से बचाव के लिए अल्मोड़ा में टीकाकरण शुरू, घर-घर जाकर पशुओं को दी जा रही वैक्सीन

रोहित भट्ट

अल्मोड़ा. भारत के कई राज्यों में लंपी वायरस के मामले सामने आ चुके हैं. संक्रमण की वजह से अब तक हजारों गाय और गोवंश की मौत हो चुकी है. वायरस का सबसे ज्यादा प्रभाव राजस्थान में देखने को मिला है. यह बीमारी एक गोवंश से दूसरे में तेजी से फैल रही है. उत्तराखंड में भी इसके कई मामले सामने आए हैं. इससे बचाव के लिए सूबे में टीकाकरण शुरू किया गया है. सांस्कृतिक नगरी अल्मोड़ा में डोर टू डोर टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है. पशुपालन विभाग की टीम घर-घर जा कर गोवंश को वैक्सीन लगा रही है.

राज्य के तराई क्षेत्रों में लंपी वायरस के केस देखने को मिले हैं. अल्मोड़ा में वायरस से बचने के लिए पशुपालन विभाग ने जानवरों का टीकाकरण शुरू किया है. अल्मोड़ा जिले के लिए 11,000 वैक्सीन पहुंची हैं, जिसे सभी गोवंशों को लगाया जाएगा. अभी तक यहां 224 गोवंश को वैक्सीन लगाई गई है.

पशुपालन विभाग की टीम पशुपालकों के घर जाकर उनके पालतू जानवरों का टीकाकरण कर रही है. पशुपालकों के आधार कार्ड की जानकारी लेकर उनके गोवंशों को निःशुल्क टीका लगाया जा रहा है. साथ ही विभाग की टीम पशुपालकों को जानकारी मुहैया करा रही है कि अगर उनके जानवरों में लंपी वायरस के लक्षण दिखें, तो उन्हें क्या करना है और इससे कैसे बचाव करना है.

पशुपालन विभाग के संयुक्त निदेशक डी.सी गुरुरानी ने अल्मोड़ा के खत्याड़ी गांव में जाकर अपनी टीम के साथ गोवंशों को देखा और उनका वैक्सीनेशन किया. उन्होंने बताया कि लंपी वायरस फिलहाल पहाड़ी क्षेत्रों में नहीं आया है, लेकिन तराई क्षेत्र में इसके मामले देखने को मिल रहे हैं. इसके मद्देनजर सरकार और विभाग लगातार इस पर पैनी नजर बनाए हुए है. पहले चरण में अल्मोड़ा जिले की तमाम गायों का टीकाकरण किया जा रहा है. साथ ही पशुपालकों को इस बीमारी के बारे में जानकारी दे रहे हैं. विभाग की ओर से उनको बता रहे हैं कि जिले के लिए करीब 11,000 वैक्सीन पहुंची हैं.

Tags: Almora News, Lumpy Skin Disease, Uttarakhand news

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